[1]
चारू बारी and डॉ. सोनू सारण, “राजस्थान के राजपूत स्थापत्य में द्वार, झरोखे, छतरियाँ और जालियों का सांस्कृतिक एवं सौंदर्यात्मक महत्व”, IEJRD - International Multidisciplinary Journal, vol. 11, no. 1, p. 9, Feb. 2026.